
नागपुर, 24 जून:
महाराष्ट्र विधानमंडल के मानसून सत्र (Monsoon Session 2026) के तीसरे दिन नागपुर में तेजी से बिगड़ती कानून-व्यवस्था का मुद्दा गरमा गया। पश्चिम नागपुर से कांग्रेस विधायक विकास ठाकरे (MLA Vikas Thakre) ने सदन में तीखे सवाल उठाते हुए राज्य सरकार को जमकर घेरा। उन्होंने एनसीआरबी (NCRB) के चौंकाने वाले आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि नागपुर अब अपराधियों और ड्रग माफियाओं का गढ़ बनता जा रहा है।
विधायक विकास ठाकरे ने आंकड़ों के साथ सरकार को कटघरे में खड़ा किया और पूछा कि आखिर ‘उपराजधानी’ को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन क्या कदम उठा रहा है।
मर्डर के मामले में देश में दूसरे नंबर पर नागपुर
सदन को संबोधित करते हुए विकास ठाकरे ने नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB 2024 Report) की रिपोर्ट पेश की। उन्होंने बताया कि नागपुर शहर में 88 हत्याएं दर्ज की गई थीं, जिसके चलते देश के 19 महानगरों में मर्डर के मामले में नागपुर दूसरे स्थान पर आ गया है। यही नहीं, साल 2026 के शुरुआती महज 5 महीनों में ही नागपुर में 37 लोगों की बेरहमी से हत्या की जा चुकी है और 752 वाहन चोरी की वारदातें सामने आ चुकी हैं।
महिलाओं के खिलाफ अपराध में भारी उछाल
विधायक ठाकरे ने कहा कि नागपुर में महिलाएं और बच्चियां अब बिल्कुल सुरक्षित नहीं हैं। उन्होंने आंकड़ों के जरिए बढ़ते ग्राफ को समझाया:
- कुल अपराध: साल 2022 में महिलाओं के खिलाफ 1,259 मामले दर्ज हुए थे, जो 2024 में बढ़कर 1,513 हो गए।
- महानगरों में रैंकिंग: महिलाओं के खिलाफ अपराध में नागपुर देश में 7वें, रेप के मामलों में 5वें, छेड़छाड़ (Sexual Harassment) में तीसरे और ह्यूमन ट्रैफिकिंग (मानव तस्करी) में चौथे नंबर पर पहुंच गया है।
- बाल अपराध (Juvenile Crime): साल 2022 में जहां बच्चों से जुड़े 210 अपराध दर्ज थे, वहीं 2024 में यह आंकड़ा बढ़कर 283 हो गया।
ड्रग्स हब और भू-माफियाओं का आतंक
विकास ठाकरे ने सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि नागपुर अब अवैध ड्रग्स तस्करी का प्रमुख केंद्र (Drugs Hub) बन चुका है। सिंथेटिक ड्रग्स की वजह से शहर के युवाओं का भविष्य बर्बाद हो रहा है। इसके अलावा, शहर में भू-माफिया (Land Mafia) पूरी तरह सक्रिय हैं। सरकारी और निजी जमीनों पर अवैध कब्जे किए जा रहे हैं और फर्जी कागजात बनाकर धोखाधड़ी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, जिससे आम जनता में डर का माहौल है।
सरकार से मांगा जवाब, कहा— “घोषणाओं से नहीं, सख्त कार्रवाई से सुधरेगी कानून व्यवस्था”
कांग्रेस विधायक ने गृह मंत्रालय और राज्य सरकार से सीधा सवाल किया कि अपराध, ड्रग्स तस्करी, और भू-माफियाओं पर नकेल कसने के लिए क्या विशेष योजनाएं बनाई गई हैं? कार्रवाई में हो रही देरी का कारण क्या है? उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा:
”नागपुर के नागरिकों की सुरक्षा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अब केवल कागजी घोषणाओं से काम नहीं चलेगा, बल्कि जमीन पर सख्त और ठोस कार्रवाई कर अपराधियों में कानून का खौफ पैदा करने की जरूरत है।”
